शेयर बाजार में तूफानी रैली: सेंसेक्स-निफ्टी ने बनाया नया इतिहास, अनिल अंबानी की कंपनियों ने मुकेश अंबानी को पछाड़ा
भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार को रिकॉर्ड तेजी देखने को मिली। सेंसेक्स 86,000 के पार और निफ्टी अपने ऑल-टाइम हाई पर पहुंचा। इसी बीच अनिल अंबानी की कंपनियों के शेयरों में तेजी और मुकेश अंबानी की रिलायंस में गिरावट दर्ज की गई। जानें क्यों उछला आज का बाजार।
भारतीय शेयर बाजार ने गुरुवार को ऐसी रफ्तार पकड़ी कि सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ने रिकॉर्ड ऊंचाइयों को छू लिया। शुरुआती कारोबार में ही निफ्टी अपने ऑल-टाइम हाई पर पहुंच गया, जबकि सेंसेक्स ने पहली बार 86 हजार के स्तर को पार कर इतिहास रच दिया। इस उछाल के बीच दिलचस्प ट्रेंड यह रहा कि अनिल अंबानी की कंपनियों के शेयरों ने आज के सत्र में मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज को पीछे छोड़ दिया।
रिलायंस इंडस्ट्रीज में मामूली गिरावट
रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर आज सुस्ती के साथ ट्रेड करते दिखे। खबर लिखे जाने तक मुकेश अंबानी की प्रमुख कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में करीब 0.31 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई और स्टॉक 1,565.00 रुपये पर कारोबार कर रहा था।
रिलायंस पावर और इंफ्रा ने दिखाई दमदार छलांग
इसके उलट अनिल अंबानी की कंपनियों में जबरदस्त तेजी दिखाई दी। रिलायंस पावर के शेयर लगभग 2.68 फीसदी की छलांग लगाकर 40.54 रुपये पर पहुंच गए। आज ही इस स्टॉक में 1.06 रुपये की बढ़त देखने को मिली। वहीं, रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर के शेयरों ने भी जमकर रैली दिखाई और लगभग 5 फीसदी उछलकर 165.85 रुपये तक पहुंच गए।
सेंसेक्स-निफ्टी दोनों ने बनाए नए रिकॉर्ड
गुरुवार का बाजार निवेशकों के लिए बेहद फायदेमंद रहा। सेंसेक्स 86,000 के रिकॉर्ड स्तर को पार करने के बाद कुछ नीचे फिसला, लेकिन 11 बजकर 40 मिनट तक यह 275 अंकों की मजबूती के साथ 85,883.76 पर बना हुआ था। निफ्टी भी अपने अब तक के सर्वाधिक स्तर पर पहुंचकर नई ऊंचाइयों का संकेत दे रहा था।
ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद और विदेशी निवेश से बाजार में रौनक
बाजार की यह जोशीली तेजी कई सकारात्मक संकेतों की वजह से देखी जा रही है। सबसे बड़ा कारण है—दिसंबर में अमेरिका के फेडरल रिजर्व और भारत के RBI द्वारा ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद। इसके साथ ही बड़ी कंपनियों के वैल्यूएशन आकर्षक होने के कारण विदेशी निवेशक भारी खरीदारी कर रहे हैं। 26 नवंबर को FIIs ने लगभग 4,778 करोड़ रुपये की खरीद की थी। वहीं, रूस-यूक्रेन युद्ध को लेकर बातचीत की संभावनाओं ने वैश्विक बाजारों में भी सकारात्मकता फैलाई है।


आँखें न्यूज़ 24 




