दिल्ली क्लासरूम घोटाला: 2000 करोड़ रुपये की भारी गड़बड़ी का खुलासा, मनीष सिसोदिया पर गंभीर आरोप

दिल्ली क्लासरूम घोटाले में 2000 करोड़ रुपये की गड़बड़ी का खुलासा। मनीष सिसोदिया और अन्य पर ACB और ED की बड़ी कार्रवाई।

दिल्ली क्लासरूम घोटाला: 2000 करोड़ रुपये की भारी गड़बड़ी का खुलासा, मनीष सिसोदिया पर गंभीर आरोप
manish sisodia

दिल्ली में कथित क्लासरूम घोटाले के मामले ने सनसनी मचा दी है। सरकारी स्कूलों में अतिरिक्त कक्षा निर्माण में भारी अनियमितताओं और वित्तीय घोटालों का पर्दाफाश हुआ है। इस मामले में दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और पूर्व पीडब्ल्यूडी मंत्री सत्येंद्र जैन सहित कई लोगों के खिलाफ एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने कार्रवाई की है।

घोटाले का दायरा: 2405 क्लासरूम की जरूरत, 12748 का निर्माण
2015 से 2023 के बीच, दिल्ली के सरकारी स्कूलों में 2405 क्लासरूम की जरूरत थी। लेकिन, बिना किसी वैध मंजूरी के, 12748 क्लासरूम बनाए गए। निर्माण कार्यों में फर्जी खर्च और नकली निर्माण सामग्री का उपयोग किया गया।

- लागत बढ़ोतरी: निर्माण कार्यों में लागत 49% तक बढ़ाई गई।
- फर्जी कंपनियां: फर्जी बिल और शेल कंपनियों के माध्यम से सरकारी धन का गबन किया गया।
- फर्जी बैंक खाते: 322 बैंक पासबुक, फर्जी खातों में पैसे ट्रांसफर के सबूत।

प्रवर्तन निदेशालय की बड़ी कार्रवाई
18 जून 2025 को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने दिल्ली-एनसीआर के 37 स्थानों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम कानून (PMLA), 2002 के तहत की गई।

बरामद दस्तावेज़
- निजी ठेकेदारों के ठिकानों से सरकारी विभाग की मूल फाइलें।
- नकली लेटरहेड और फर्जी बिल।
- मजदूरों के नाम पर खोले गए फर्जी बैंक खाते।
- नकली मुहरें और PWD अधिकारियों के नाम से जाली दस्तावेज़।