Bihar Renewable Energy Push: पीएम सूर्य घर और कुसुम योजना से सोलर एनर्जी की रफ्तार तेज

Bihar Renewable Energy: पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना और पीएम कुसुम योजना की प्रगति की समीक्षा, रूफटॉप सोलर पर सब्सिडी और सस्ते लोन से बढ़ रहा स्वच्छ ऊर्जा का उपयोग।

Bihar Renewable Energy Push: पीएम सूर्य घर और कुसुम योजना से सोलर एनर्जी की रफ्तार तेज

बिहार में नवीकरणीय ऊर्जा को नई दिशा देने के लिए केंद्र और राज्य स्तर पर प्रयास तेज होते नजर आ रहे हैं। इसी कड़ी में गुरुवार को नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (MNRE) के निदेशक मीर मोहम्मद अली की अध्यक्षता में पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना और पीएम कुसुम योजना की प्रगति की गहन समीक्षा की गई। विद्युत भवन के सभागार में आयोजित इस अहम बैठक में साउथ और नॉर्थ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनियों के शीर्ष अधिकारी भी मौजूद रहे।

घरेलू उपभोक्ताओं में बढ़ता सोलर का रुझान
बैठक में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि कैसे घरेलू उपभोक्ताओं को ग्रिड-कनेक्टेड रूफटॉप सोलर सिस्टम अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। सरकार की ओर से दी जा रही सब्सिडी और आसान फाइनेंसिंग व्यवस्था ने आम लोगों के लिए सोलर पैनल लगवाना कहीं अधिक सरल बना दिया है। इसका सीधा लाभ यह है कि बिजली बिल में कमी के साथ-साथ स्वच्छ ऊर्जा का उपयोग बढ़ रहा है।

सब्सिडी और सस्ते लोन से आसान हुई सोलर इंस्टॉलेशन
पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत उपभोक्ताओं को सोलर पैनल की क्षमता के अनुसार आकर्षक अनुदान दिया जा रहा है। 1 से 2 किलोवाट क्षमता वाले सिस्टम पर प्रति किलोवाट 30 हजार रुपये की सहायता मिल रही है, जबकि 3 किलोवाट या उससे अधिक क्षमता के लिए अधिकतम 78 हजार रुपये तक की सब्सिडी तय की गई है। इसके अलावा, सोलर सिस्टम लगाने के लिए 5.75 प्रतिशत की कम ब्याज दर पर लोन की सुविधा भी उपलब्ध कराई जा रही है।

सरकार और उपभोक्ताओं के बीच बढ़ता भरोसा
एमएनआरई निदेशक मीर मोहम्मद अली ने बैठक में कहा कि आम उपभोक्ताओं की बढ़ती भागीदारी यह दिखाती है कि बिहार में नवीकरणीय ऊर्जा को लेकर जागरूकता और भरोसा दोनों मजबूत हो रहे हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि केंद्र सरकार, राज्य सरकार, डिस्कॉम, बैंक और वेंडर आपसी समन्वय से योजनाओं के लक्ष्यों को तय समय में पूरा करेंगे।

लोन और सब्सिडी प्रक्रिया में सुधार पर जोर
समीक्षा के दौरान बैंकिंग और वेंडर स्तर पर आ रही व्यावहारिक समस्याओं पर भी खुलकर चर्चा हुई। खासतौर पर लोन प्रोसेसिंग में देरी और सब्सिडी की दूसरी किश्त के भुगतान में होने वाले विलंब को लेकर चिंता जताई गई। एमएनआरई निदेशक ने बैंक प्रतिनिधियों को निर्देश दिया कि सोलर सब्सिडी से जुड़े आवेदनों की अस्वीकृति दर कम की जाए, ताकि उपभोक्ताओं को समय पर लाभ मिल सके।

डिस्कॉम की पहल से उपभोक्ताओं को राहत
नॉर्थ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड के प्रबंध निदेशक राहुल कुमार ने जानकारी दी कि अब तक दक्षिण बिहार में करीब 9,885 और उत्तर बिहार में लगभग 4,715 घरों में रूफटॉप सोलर पैनल लगाए जा चुके हैं। उन्होंने बताया कि डिस्कॉम की ओर से 10 किलोवाट तक तकनीकी फिजिबिलिटी शुल्क माफ करने, ऑटो लोड एन्हांसमेंट और नेट मीटरिंग शुल्क नहीं लेने जैसे कई उपभोक्ता हितैषी फैसले लिए गए हैं।

स्वच्छ ऊर्जा से आर्थिक और पर्यावरणीय लाभ
साउथ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड के प्रबंध निदेशक महेंद्र कुमार ने कहा कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना और पीएम कुसुम योजना से बिहार में स्वच्छ ऊर्जा का विस्तार तेजी से हो रहा है। इन योजनाओं से न सिर्फ उपभोक्ताओं को आर्थिक फायदा मिल रहा है, बल्कि राज्य में कार्बन उत्सर्जन कम करने की दिशा में भी ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।

हरित और आत्मनिर्भर भारत की ओर बिहार
गौरतलब है कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना और पीएम कुसुम योजना केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी परियोजनाएं हैं, जिनका उद्देश्य देश को हरित और आत्मनिर्भर ऊर्जा व्यवस्था की ओर ले जाना है। बिहार में इन योजनाओं की प्रगति यह संकेत देती है कि राज्य स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में एक मजबूत उदाहरण बन सकता है।