नीतीश के करीबी अशोक चौधरी पहुंचे मोकामा के 'छोटे सरकार' अनंत सिंह से मिलने, दिखाई गोशाला

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 से पहले मोकामा के पूर्व विधायक और बाहुबली नेता अनंत सिंह की राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। जेल से जमानत पर बाहर आने के बाद उन्होंने जेडीयू के टिकट पर चुनाव लड़ने का ऐलान किया है। हाल ही में उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और मंत्री अशोक चौधरी से मुलाकात की।

नीतीश के करीबी अशोक चौधरी पहुंचे मोकामा के 'छोटे सरकार' अनंत सिंह से मिलने, दिखाई गोशाला
Anant Singh and Ashok Chaudhary

बिहार की सियासत इन दिनों बाहुबली नेताओं की सक्रियता से गर्म हो गई है। मोकामा के पूर्व विधायक अनंत सिंह, जो कुछ दिन पहले ही जमानत पर जेल से बाहर आए हैं, लगातार सुर्खियों में हैं। बाहर आते ही उन्होंने ऐलान किया कि वे अगला विधानसभा चुनाव जनता दल (यूनाइटेड) के टिकट पर लड़ेंगे।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात
दो दिन पहले अनंत सिंह ने पटना में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की थी। इस मुलाकात को लेकर राजनीतिक गलियारों में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। यह मुलाकात ऐसे समय हुई है जब जेडीयू चुनावी रणनीति के तहत अपने पुराने सहयोगियों को दोबारा साथ लाने की कोशिश में है।

अशोक चौधरी भी पहुंचे अनंत सिंह के घर
आज जेडीयू नेता और बिहार सरकार में मंत्री अशोक चौधरी मोकामा स्थित अनंत सिंह के आवास पहुंचे। वहां उन्होंने अनंत सिंह के साथ लंबी बातचीत की। इस दौरान अनंत सिंह ने उन्हें अपनी गोशाला दिखाई और अपनी पसंदीदा भैंस से भी मिलवाया। राजनीतिक चर्चा और व्यक्तिगत मेहमाननवाजी का यह मिश्रण, दोनों के बीच बढ़ते रिश्तों की ओर इशारा करता है।

बिहार की राजनीति में नया समीकरण
अनंत सिंह और नीतीश कुमार की मुलाकात के बाद यह बैठक और भी अहम हो जाती है। जेडीयू नेताओं के साथ उनकी लगातार मुलाकातें साफ संकेत देती हैं कि वे अपनी चुनावी जमीन को मजबूत करने की दिशा में तेजी से कदम बढ़ा रहे हैं।

बाहुबली नेताओं की वापसी का दौर
दिलचस्प बात यह है कि हाल ही में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से पूर्व सांसद आनंद मोहन भी मिले थे। आनंद मोहन और अनंत सिंह, दोनों ही बिहार की राजनीति में बाहुबली छवि वाले नेता माने जाते हैं। पिछले चुनाव में नीतीश कुमार ने इनसे दूरी बना ली थी, लेकिन अब लगता है कि यह दूरी कम होती जा रही है।

सभी दल बाहुबलियों पर दांव लगाने को तैयार
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को देखते हुए आरजेडी, जेडीयू, बीजेपी और चिराग पासवान की एलजेपी तक बाहुबली नेताओं को साथ लाने की रणनीति बना रही हैं। ऐसे में अनंत सिंह और आनंद मोहन का सीएम नीतीश कुमार के करीब आना आने वाले समय में बड़े राजनीतिक समीकरण बदल सकता है।